टाइटैनिक जहाज़ से जुड़े अनोखे सच - Jankari Dunia

टाइटैनिक जहाज़ से जुड़े अनोखे सच  

The Unique Truth Associated with the Titanic Ship



The Unique Truth Associated with the Titanic Ship
titanic
            हेलो फ्रेंड्स स्वागत है आपका हमारे ब्लॉग में दोस्तों हम लेकर आते हैं आपके लिए दुनिया से जुड़े अनोखे और अद्भुत रहस्य और कुछ ऐसी घटनाएं जो  सुन्ने में दूसरी घटना जैसे हि लगती है मगर  गहराई से सोचा जाए तो विश्वास करना बहुत मुश्किल है इस दुनिया का सबसे बड़ा पानी का जहाज टाइटैनिक समा गया था समुद्र में बात करेंगे इस जहाज और इस घटना से जुड़े फैक्ट्स के बारे में जिनको आपने कभी सुना होगा  Titanic अपने समय का दुनिया का सबसे बड़ा समुद्री जहाज था और साथ ही उस समय इंसान के द्वारा बनाई गई सबसे बड़ी चीज भी आप इस के बड़े होने का अंदाजा इस बात से लगा सकते हैं कि 269 मीटर की ऊंचाई वाले टाइटैनिक को अगर सीधा खड़ा कर दिया जाए तो यह अपने समय की हर इमारत से उचा होता और दोस्तों टाइटैनिक जहाज की चिमनियां इतनी बड़ी थी कि इनमें से दो ट्रेन एक साथ गुजर सकती थी आकार में यह जहाज तीन  फुटबॉल मैदान से भी बड़ा हुआ करता था Titanic का ना आकर बड़ा था इसकी ऊंचाई आश्चर्यजनक जी हां दोस्तों को शामिल करें आज की बिल्डिंग जहाज को बनाने का काम शुरू किया गया लेकिन जिसकी डेकोरेशन पश्चिम या लगाने का काम 1912 तक चलता रहा तो उस समय इसे देखने एक लाख से भी ज्यादा लोग आए थे 10 अप्रैल 1912 टाइटैनिक जहाज पहली बार इंग्लैंड के साउथ मॉडल से न्यूयॉर्क की तरफ रवाना हुआ उस समय यह कोई सोच भी नहीं सकता था कि यह जहाज की पहली और आखिरी यात्रा होने वाली है दोस्तों एक अनुमान के अनुसार जहाज पर कुल 3547 लोग एक साथ सफर कर सकते थे जिनमें से 2687 यात्री हो सकते हैं क्योंकि इस पे 807 क्रू मेंबर थे उस दौरान 2228 जहाज में सफर करने वाले की किस्मत ख़राब थी पर टाइटैनिक जहाज समुद्री जहाजों की यात्रा कोयले की कमी के कारण रद्द कर दी थी इसलिए उनके यात्रियों को टाइटैनिक जहाज पर शिफ्ट कर दिया था दोस्तों जहाज को हर दिन 600 टन कोयले की जरूरत होती थी इसके 860 क्रू में से 176 का काम सिर्फ जहाज की चिमनियों में कोयला डालना होता था इसमेंसे रोज 100 टन धुंआ निकलता था लेकिन 4 दिनों तक चलता रहा 14 अप्रैल 12:40 पर यह जहाज एक बहुत बड़ी अंजानी पर्वत से टकरा गया जिससे जहाज के निचले हिस्से में छेद हो गया और जहाज में पानी भरने लगा जिससे जहाज पानी में डूबने लगा जहाज के हिम पर्वत से टकराती हुई जहाज पर एक खौफ का माहौल पैदा हो गया और जहाज पर मौजूद लाइव पोर्ट से बच्चों और औरतों को सुरक्षित जहाज से उतर जाने लगा संकट में भी कुछ लोग आगे आए और लोगों का धैर्य बढ़ाते हैं किस जहाज के धीरे-धीरे डूबने की खबर मिलने के बावजूद भी इस के म्यूजिशन इसके डूबने तक  गाना बजा ते  रहे ताकि वह कुछ समय बाद मरने जा रहे लोग अपने आखिरी पल को खुशी से बिता सकें दोस्तों इस बार क्षेत्र के लगभग 40 मिनट बाद जहाज पूरी तरह पानी में डूब गया जहाज के कुल यात्रियों में से 1522 लोगों ने इस हादसे में अपनी जान गवा दी  जिनमेंसे 6  लोगों की लाशें ही मिल पाई थी अब यह भी जहाज के पानी में डूबने की बात चलिए अब आपको बताते हैं इसके बारे में कुछ ऐसे फैक्ट बारे में शायद ही आपने कभी सुनाओ Titanic जिस पानी में डूबा था उसका तापमान 2 डिग्री सेल्सियस था जिसमें कोई भी 15 मिनट जिंदा नहीं रहने वाला था  जहाज कहां गए थे इसलिए इस चाहत पर कितने लोगों की जान दोस्तों इस जहाज में चार बड़ी बड़ी चिमनिया थी जिनमें से सिर्फ 3  से ही धुंआ निकलता था वह तो टाइटैनिक दुर्घटना अटलांटिक सागर में हुई थी  बहुत कोशिशों के बाद 1 सितंबर 1985 को जहाज का मलबा ढूंढ लिया जो कि समुद्र के 12500 फीट नीचे मिला और दोस्तों इस जहाज का मलबा ढूंढ़ने  में पूरे 73 साल लग गए थे आपको यह जानकर हैरानी होगी कि समुद्र में जहाज की दौ टुकड़े  पड़े हुए पड़े टुकड़ों की दूरी 620 किलोमीटर के दायरे में आज की कई चीजों के सभी चीजें मिली है जो इस जहाज में सफर कर रहे थे दोस्तों  टाइटैनिक जहाज पर अपनी ओर आकर्षित किया विश्व में सबसे ज्यादा कमाने वाली फिल्म का रिकॉर्ड बनाने की बात हुई टाइटेनिक जहाज को बनाने में उस समय 35 वर्ष 7000000 वर्ष की जहाज में सफर करने की उस समय में फर्स्ट क्लास करने के लिए $1350 खर्च करने पड़ते थे जो करीब 200000 ₹90000 सेकंड क्लास में सफर करने के लिए 1750 2018 क्लास के लिए यानी करीब ₹2000 चुकानी पड़ती थी आज की कीमत का अनुमान लगाया जाए स्त्री को 5000000 रुपए खर्च करने पड़ते तब कहीं जाकर उसको किस जहाज में सफर करने का उर्दू लोग तो हमारे भी जहाज की नई शादीशुदा जोड़े अपना हनीमून मनाने के लिए आज के प्रथम श्रेणी के यात्रियों को 352 गानों की एक किताब दी गई जिसके बारे में हमको जानकारी और लोगों की फरमाइश पर उन्हें वह गाना बजाना परदेसी टाइटैनिक जहाज से टकराने वाला सॉन्ग फिर से आया था यात्रा के दौरान जहाजपुर करने वाली बात यह है कि इतनी मिलने के बाद भी जहाज के कप्तान ने जहाज की गति और दिशा बनाए रखें अगर उनके सामने पर्वत पर्वत को देखने के बाद जहाज को टकराव से बचाने के लिए जहाज को बचाना टाइटैनिक जहाज के साथ डूब गया था जिसकी याद में एक संवाद बनाया गया था टाइटैनिक जहाज में सफर करने वाला सबसे अमीर आदमी कौन जीता था जिसके पास $85 संपत्ति की जांच के साथ जहाज के मुख्य अनुसूया ने इस जमाने वाले ठंडे पानी में 2 घंटे तक अपनी जिसके बाद उसे बचा लिया दोस्तों टाइटैनिक जहाज डूबने वाली चल रही थी उस समय वह केवल 2 महीने की जहाज में तो कुत्ते भी सवार थे जिनमें से हादसे के बाद बस दो ही जिंदा बच पाएगी और दोस्तों के अलावा कुछ तुच्छ लोगों को बचाया जा सका टाइटैनिक जहाज टाइटैनिक जहाज की मैक्सिमम 45 किलोमीटर प्रति घंटा की पूरी जहाज में लगी सिटी को 16 किलोमीटर दूर तक सुना जा सकता था अब दोस्तों सवाली चीन की इतनी बड़ी दुर्घटना के लिए हो सकता है क्योंकि अभी पहचाने बर्फीले इलाके में इतनी तेजी से क्यों जा रहा था कोई भला ऐसा क्यों कर सकता है साथ ही सवाल यह भी उठता है कि इतने बड़े जहाज पर लाइफ कोट्स इतनी कमजोर थी जहाज का टूटना उसका स्टील कैसे मरा उसका टूटना कैसे स्टार्ट किया ऐसा तो नहीं था कि टाइटैनिक के डिजाइन में ही कोई काम ही क्या टाइटैनिक को कमजोर और मटेरियल से बनाया गया था सूची

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